डिस्क के फ्री और यूज किए गए स्पेस में अंतर कैसे करें

दिसम्बर 2016

कभी आपने सोचा है कि क्यों आपके हार्ड डिस्क पर जितना फ्री स्पेस होता है वह आपके कंप्यूटर पर उपलब्ध फ्री स्पेस से कभी भी मेल क्यों नहीं खाता? यह मिसमैच आपके लिए काफी निराशाजनक हो सकता है, खासकर तब जब हर छोटे-मोटे डाउनलोड के लिए हमें ये कैलकुलेट करना होता है कि कितना स्पेस हमारे पास बचा है, कितना नहीं.

आज हम इस लेख में आपको प्रोवीजन्ड स्पेस (वो स्पेस जो आपके कंप्यूटर पर तकनीकी रूप से उपलब्ध है) और फ्री स्पेस (वो स्पेस जो आपकी डिवाइस पर बचा रह गया है) के बीच के बुनियादी फर्क के बारे में बताएंगे. फिर आपको कुछ टिप्स बताएंगे जिससे आप अपने पीसी के हार्ड ड्राइव के स्पेस को अधिकतम कर सकें.

प्रोवीजन्ड स्पेस बनाम फ्री स्पेस

हार्ड डिस्क कुछ इकाइयों, जिसे कलस्टर कहते हैं, में बांटी गई होती है. कलस्टर हार्ड डिस्क पर किसी फाइल द्वारा घेरे गए न्यूनतम स्पेस को बताता है.

कोई भी ऑपरेटिंग सिस्टम ब्लॉक्स का इस्तेमाल करता है जो कई सेक्टर (1 यूजर से 16 यूजर के बीच) से बनता है. प्रत्येक कलस्टर आपके हार्ड डिस्क पर इन जगहों में से कुछ जगह पर कब्जा करता है. आप वर्तमान में कौन सा फाइल सिस्टम का प्रयोग कर रहे हैं, और उसका साइज क्या है, उसके हिसाब से कलस्टर अच्छा खासा स्पेस घेर सकता है.

प्रत्येक कल्स्टर में डाटा सिंगल फाइल के रूप में होता है. इसलिए, जब भी आपका सिस्टम किसी फाइल को सेव करता है, डाटा सफलतापूर्वक खाली कलस्टर में लिख लिया जाता है, फिर जैसे ही पहला कलस्टर "फुल" हो जाता है, सिस्टम दूसरे कलस्टर का इस्तेमाल करता है, फिर तीसरा कलस्टर, और इस तरह से यह सिलसिला आगे बढ़ता जाता है. उदाहरण के लिए, यदि आपको सिस्टम पर 6 की फाइल सेव करनी है जो 4 KB कलस्टर का इस्तेमाल करता है, तो डेढ़ (एक और आधा) कलस्टर आपकी फाइल को सेव करने में इस्तेमाल हो जाता है. आप प्रत्येक कलस्टर की साइज के बराबर अपनी सभी फाइलों का साइज रखते हुए आप अपनी फाइलों की साइज की क्षमता को संभाल सकते हैं.

हमें यहां ये याद रखना होगा कि ऑपरेटिंग सिस्टम भी अपने सभी फाइलों (FAT स्ट्रक्चर, स्ट्रक्चर MFT सिस्टम NTFS अलटरनेट डाटा स्ट्रिम्स, आदि.) को मैनेज करने के लिए डिस्क स्पेस के कुछ हिस्से का इस्तेमाल करता है.

अपने हार्ड डिस्क पर फ्री स्पेस को अधिकतम करें

अपने हार्ड ड्राइव पर मौजूद फ्री स्पेस को अधिकतम करने के लिए, ये अच्छा रहे कि आप अपने कंप्यूटर पर छोटे फाइलों (यानी कंप्यूटर से वैसे किसी भी फोल्डर को हटा दें जिसमें छोटी फाइलें हों और जो हमेशा प्रयोग में नहीं लाई जाती हों, या आपके फाइलों की zipping हो.).की संख्या कम रखें.

NTFS ढेर सारी छोटी फाइलों को खासतौर से उच्च क्षमता वाले हार्ड ड्राइव पर बड़ी संख्या में मैनेज करता है. इसलिए FAT की जगह का NTFS का प्रयोग करना अधिक बेहतर रहेगा क्योंकि NTFS को फाइल कम्प्रेशन के रूप में इस्तेमाल किया जा सकता है ताकि फाइलों द्वारा घेरे गए स्पेस को घटाया जा सके. ध्यान रहे कि यदि कोई फाइल कंप्यूटर के काम करने की क्षमता पर बुरा असर डालती है तो यह उसी के अनुसार घेरे गए स्पेस को भी कम करेगी.

इसके अलावा, आप जिस फाइल को अक्सर ही प्रयोग में लाते हैं उसे हम कम्प्रेस करने का सुझाव नहीं देंगे. और अपने सिस्टम फाइलों को भी कभी भी कम्प्रेस ना करें.

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